सोमवार, 11 अप्रैल 2016

दूर कोई गाये door koi gaye.. shamshad begum- lata- mohmmad rafi -shakeel badayuni- na...

दूर कोई गाये,
 door koi gaye,
  shamshad begum
 lata,
रफी,
 बैजु बावरा,
 1952,
rafi,
 baiju bawara

     SONG 
दूर कोई गाए धुन ये सुनाए
तेरे बिन छलिया रे बाजे न मुरलिया
मन के अंदर हो प्यार की अग्नि

नैना खोये-खोये कि हाय रामा नैन खोये-खोये
अभी से है ये हाल तो आगे राम जाने क्या होए नींद नहीं आए बिरहा सताए
कि हाय रामा पाँव पड़ी ज़ंजीर
तेरे बिन छलिया ... मोरे अँगना लाज का पहरा पाँव पड़ी ज़ंजीर याद किसी की जब-जब आए
तेरे बिन छलिया ...
लागे जीया पे तीर के हाय रामा लगे जीया पे तीर
आँख भर आए जल बरसाये


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