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16/10/17

ओ दिल की किताब कोरी है, कोरी ही रहने दो


फ़िल्म/एल्बम: यार मेरा (1971)
संगीतकार: शंकर-जयकिशन
गीतकार: हसरत जयपुरी
गायक/गायिका: सुमन कल्याणपुर, मो.रफ़ी


                SONG


ओ दिल की किताब कोरी है, कोरी ही रहने दो
हाय जो अब तक छोरी है, छोरी ही रहने दो
दिल को चुराना चोरी है, चोरी ही रहने दो
गर ये जोरा जोरी है, जोरी ही रहने दो


चंदा को लगे ग्रहण, सूरज को लगे ग्रहण
चंदा को लगे, सूरज को लगे
लगने दो, लगे ग्रहण
होय प्यार की चांदनी गोरी है, गोरी ही रहने दो
ओ दिल की किताब कोरी है…


जब फूल कोई खिल जाये, लहरा के भंवरा आए
आने दो अगर, आता है इधर
फिर अपने आप उड़ जाये
हरजाई ये आदत तोरी है, तोरी ही रहने दो
दिल की किताब कोरी है…


चल दोगे मुस्कुरा के, नज़रों से तुम गिरा के
अच्छा?
जब प्यार किया, इक़रार किया
मानेंगे हम निभा के
हाय तेरी मेरी ये जोड़ी है, जोड़ी ही रहने दो
ओ दिल की किताब कोरी है…





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