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14/6/20

न शिकवा है कोई न कोई गिला है

न शिकवा है कोई न कोई गिला है
सलामत रहे तू ये मेरी दुआ है
न शिकवा है कोई
बहुत ही कठिन हैं मोहब्बत की राहें
ज़रा बच के चलना ज़माना बुरा है
न शिकवा है कोई
अजब तेरी महफ़िल में देखा तमाशा
कहीं रौशनी है कहीं है अँधेरा
कहीं है अँधेरा
मुक़द्दर चिराग़ों के बदले हुए हैं
कोई बुझ रहा है कोई जल रहा है
न शिकवा है कोई
मुबारक तुझे हो तेरे दिल की दुनिया
मेरी ज़िंदगी का कोई ग़म न करना
कोई ग़म न करना
ये सब गर्दिशें हैं नसीबों की प्यारे
न मेरी ख़ता है न तेरी ख़ता है
न शिकवा है कोई

13/6/20

ठाड़े रहियो ओ बाँके यार रे

Thare Rahiyo O Banke Yaar
चाँदनी रात बड़ी देर के बाद आई है
ये मुलाक़ात बड़ी देर के बाद आई है
आज की रात वो आए हैं बड़ी देर के बाद
आज की रात बड़ी देर के बाद आई है
ठाड़े रहियो ओ बाँके यार रे
ठाड़े रहियो ओ बाँके यार रे
ठाड़े रहियो
ठाड़े रहियो
ठाड़े रहियो
ठाड़े रहियो ओ बाँके यार रे
ठाड़े रहियो
ठहरो लगाई आऊँ, नैनों में कजरा
ठहरो लगाई आऊँ
कजरा
चोटी में गूँथ आऊँ फूलों का गजरा
मैं तो कर आऊँ सोलह सिंगार रे
मैं तो
मैं तो कर आऊँ सोलह सिंगार रे
मैं तो कर आऊँ सोलह सिंगार रे
कर आऊँ सोलह सिंगार रे
ठाड़े रहियो
जागे न कोई, हाँ
जागे न कोई, आ
जागे न कोई
जागे न कोई
जागे न कोई
आ, जागे न कोई
रैना है थोड़ी

बोले छमाछम पायल निगोड़ी
बोले…
अजी धीरे से खोलूँगी द्वार रे 

सैयाँ धीरे से खोलूँगी द्वार रे
 मैं तो चुपके से अजी हौले से खोलूँगी द्वार रे
 ठाड़े रहियो...

11/6/20

हम भूल गए रे हर बात

फिल्म का नाम - सौतन की बेटी (1990)
गायक - लता मंगेशकर 

हम भूल गए रे हर बात मगर तेरा प्यार नहीं भूले 
हम भूल गए रे हर बात मगर तेरा प्यार नहीं भूले

क्या क्या हुआ दिल के साथ
 क्या क्या हुआ दिल के साथ मगर तेरा प्यार नहीं भूले

हम भूल गए रे हर बात मगर तेरा प्यार नहीं भूले 

दुनियाँ से शिकायत क्या करते जब तूने हमें समझा ही नहीं
गैरों को भला क्या समझाते जब अपनों ने समझा ही नहीं
तूने छोड़ दिया रे मेरा हाथ
तूने छोड़ दिया रे मेरा हाथ मगर तेरा प्यार नहीं भूले 

क्या क्या हुआ दिल के साथ
 क्या क्या हुआ दिल के साथ मगर तेरा प्यार नहीं भूले
हम भूल गए रे हर बात मगर तेरा प्यार नहीं भूले 

कसमें खाकर वादे तोड़े हम फिर भी तुझे ना भूल सके 
कसमें खाकर वादे तोड़े हम फिर भी तुझे ना भूल सके 
झूले तो पड़े बागों में मगर हम बिन तेरे ना झूल सके
सावन में जले रे दिन रात मगर तेरा प्यार नहीं भूले

क्या क्या हुआ दिल के साथ
 क्या क्या हुआ दिल के साथ मगर तेरा प्यार नहीं भूले
हम भूल गए रे हर बात मगर तेरा प्यार नहीं भूले 
हम भूल गए रे हर बात मगर तेरा प्यार नहीं भूले 

21/4/20

बहारों मेरा जीवन भी सँवारो-आखरी खत -लता मंगेशकर

बहारों मेरा जीवन भी सँवारो
कोई आये कहीं से, यूँ पुकारो

तुम ही से दिल ने सीखा है तड़पना
तुम ही को दोष दूँगी, ऐ नज़ारों

रचाओ कोई कजरा, लाओ गजरा
लचकती डालियों तुम फूल वारों

लगाओ मेरे इन हाथों में मेहंदी
सजाओ माँग मेरी, या सिधारो

29/10/19

देखा एक ख्वाब- सिलसिला (1981)-,किशोर कुमार, लता मंगेशकर


देखा एक ख्वाब
Movie: सिलसिला (1981)
जावेद अख्तर
 किशोर कुमार, लता मंगेशकर


देखा एक ख्वाब तो ये सिलसिले हुए
दूर तक निगाहों में हैं गुल खिले हुए
ये गिला है आपकी निगाहों से
फूल भी हो दरमियान तो फासले हुए

मेरी साँसों में बसी खुशबू तेरी
ये तेरे प्यार की है जादूगरी
तेरी आवाज़ है हवाओं में
प्यार का रंग है फिजाओं
धडकनों में तेरे गीत हैं मिले हुए
क्या कहूँ की शर्म से हैं लब सिले हुए
देखा एक ख्वाब तो...

मेरा दिल है तेरी पनाहों में
आ छुपा लूँ तुझे मैं बाहों में
तेरी तस्वीर है निगाहों में
दूर तक रौशनी है राहों में
कल अगर ना रौशनी के काफिले हुए
प्यार के हज़ार दीप हैं जले हुए
देखा एक ख्वाब तो...

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15/10/19

ये दिल और उनकी, निगाहों के साये -लता मंगेशकर


ये दिल और उनकी, निगाहों के साये 


चित्रपट- प्रेम परबत

संगीतकार: जयदेव

लता मंगेशकर


ये दिल और उनकी, निगाहों के साये - (३) 
मुझे घेर लेते, हैं बाहों के साये - (२) 
पहाड़ों को चंचल, किरन चूमती है - (२)
 हवा हर नदी का बदन चूमती है - (२) 
यहाँ से वहाँ तक, हैं चाहों के साये - (२) 
ये दिल और उनकी निगाहों के साये ...
 लिपटते ये पेड़ों से, बादल घनेरे - (२)
 ये पल पल उजाले, ये पल पल अंधेरे - (२) 
बहुत ठंडे ठंडे, हैं राहों के साये - (२)
 ये दिल और उनकी निगाहों के साये ... 
धड़कते हैं दिल कितनी, आज़ादियों से - (२) 
बहुत मिलते जुलते, हैं इन वादियों से - (२) 
मुहब्बत की रंगीं पनाहों के साये - (२)
 ये दिल और उनकी निगाहों के साये ...


13/10/19

तुमसे दूर रह के-मो.रफ़ी, लता मंगेशकर


तुमसे दूर रह के 
Movie/Album: अदालत (1976)
Music By:कल्याणजी-आनंदजी
Lyrics By: गुलशन बावरा
Performed By: मो.रफ़ी, लता मंगेशकर

तुमसे दूर रह के
हमने जाना प्यार क्या है
दिल ने माना यार क्या है

तुमको पाके ना पहलू में लगता था यूँ
जीते हैं किसलिए और ज़िंदा है क्यों
हम भी रहते थे बेचैन से हर घड़ी
बिन तुम्हारे तो वीरान थी ज़िन्दगी
तुमसे दूर रह के...

दूरियाँ किसलिये, मिल गये हैं जो हम
अब तो होने दो अरमान पूरे सनम
वक़्त आने पे मिट जायेंगी दूरियाँ
जब न होंगी ज़माने की मजबूरियाँ
तुमसे दूर रह के...



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30/7/19

न तो दर्द गया न दवा ही मिली

न तो दर्द गया न दवा ही मिली 


जा के हम अब तो हर एक सदा करते हैं 
जिनकी तक़दीर बिगड़ जाती है क्या करते हैं 
( न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना ) -२
 ( पहुँचे जहाँ भी हम तो लौट आये हार के ए दिल पुकार देखा एक ऐतबार पे ) -२
 सबसे कहा तेरा दर्द मगर न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना 
( मंदिर मस्जिद में जा के की है फ़रियाद भी मिलता जवाब तो क्या आई ना आवाज़ भी ) -२
 माँगी दुआ मैंने लाख मगर 
न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना
 ( ऐसा ये ग़म ही नहीं कोई पहचान ले 
ऐसा वो कौन है जो दुख मेरा जान ले ) -२ 
छानी गली छाना सारा नगर 
न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना 
हाय न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना

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11/2/19

मैं तेरे इश्क़ में मर न जाऊँ कहीं/चित्रपट Loafer/

गाना / मैं तेरे इश्क़ में मर न जाऊँ कहीं
चित्रपट :: Loafer
संगीतकार::  लक्ष्मीकांत - प्यारेलाल
गीतकार :: आनंद बक्षी
गायिक : लता मंगेशकर

Main tere ishq mein mar na jaaoon kahin
Tu mujhe aazmane ki koshish na kar
Main tere ishq mein mar na jaaoon kahin
Tu mujhe aazmane ki koshish na kar
Koobsurat hai tu, to hoon main bhi haseen
Mujhse nazrein churane ki koshish na kar
Main tere ishq mein

Shauk se tu mera imtehan le
Shauk se tu mera imtehan le
Tere kadmon pe rakh di hai jaan le
Bekadar bekhabar maan ja zid na kar
Tod kar dil mera aye mere humnashin
Is tarah muskurane ki koshish na kar
Koobsurat hai tu, to hoon main bhi haseen
Mujhse nazrein churane ki koshish na kar
Main tere ishq mein

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7/9/18

मैं तो तुम संग, नैन मिला के-मन मौजी (1962)

Movie/Album: मन मौजी (1962)
Music By: मदन मोहन
Lyrics By: राजिंदर कृषण
Performed By: लता मंगेशकर


मैं तो तुम संग, नैन मिला के
हार गई सजना

क्यूँ झूठे से प्रीत लगाई
क्यूँ छलिये को मीत बनाया
क्यूँ आंधी में दीप जलाया
मैं तो तुम संग...

सपने में जो बाग़ लगाए
नींद खुली तो वीराने थे
हम भी कितने दीवाने थे
मैं तो तुम संग...

ना मिलतीं ये बैरन अँखियां
चैन न जाता दिल भी न रोता
काश किसी से प्यार न होता
मैं तो तुम संग...

5/9/18

तुम मुझे यूँ भुला ना पाओगे- पगला कहीं का (1969)


Movie/Album: पगला कहीं का (1969)
Music By: शंकर जयिकशन
Lyrics By: हसरत जयपुरी
Performed By: मो.रफ़ी, लता मंगेशकर


तुम मुझे यूँ भुला ना पाओगे
जब कभी भी सुनोगे गीत मेरे
संग संग तुम भी गुनगुनाओगे

रफ़ी
वो बहारें, वो चांदनी रातें
हमने की थीं जो प्यार की बातें
उन नज़ारों की याद आयेगी
जब खयालों में मुझको लाओगे
तुम मुझे यूँ भुला...

मेरे हाथों में तेरा चेहरा था
जैसे कोई गुलाब होता है
और सहारा लिया था बाहों का
वो समां किस तरह भुलाओगे
तुम मुझे यूँ भुला...

मुझको देखे बिना क़रार न था
एक ऐसा भी दौर गुज़रा है
झूठ मानो तो पूछ लो दिल से
मैं कहूंगा तो रूठ जाओगे
तुम मुझे यूँ भुला...

लता
बीती बातों का कुछ ख्याल करो
कुछ तो बोलो, कुछ हमसे बात करो
राज़-ए-दिल मैं तुम्हें बता दूंगी
मैं तुम्हारी हूँ मान जाओगे
तुम मुझे यूँ भुला...

मेरी खामोशियों को समझो तुम
ज़िन्दगी याद में गुज़ारी है
मैं मिटी हूँ तुम्हारी चाहत में
और कितना मुझे मिटाओगे
तुम मुझे यूँ भुला...

दिल ही दिल में तुम्हीं से प्यार किया
अपने जीवन को भी निसार किया
कौन तड़पा तुम्हारी राहों में
जब ये सोचोगे जान जाओगे
तुम मुझे यूँ भुला...



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2/9/18

ज़िन्दगी प्यार का गीत है/सौतन (1983)

Movie सौतन (1983)
Music By: उषा खन्ना
Lyrics By: सावन कुमार
gayak: किशोर कुमार, लता मंगेशकर


ज़िन्दगी प्यार का गीत है
इसे हर दिल को गाना पड़ेगा
ज़िन्दगी ग़म का सागर भी है
हँस के उस पार जाना पड़ेगा

ज़िन्दगी एक अहसास है
टूटे दिल की कोई आस है
ज़िन्दगी एक बनवास है
काट कर सबको जाना पड़ेगा
ज़िन्दगी प्यार का गीत है...

ज़िन्दगी बेवफा है तो क्या
अपने रूठे हैं हम से तो क्या
हाथ में हाथ ना हो तो क्या
साथ फिर भी निभाना पड़ेगा
ज़िन्दगी प्यार का गीत है...

ज़िन्दगी एक मुस्कान है
दर्द की कोई पहचान है
ज़िन्दगी एक मेहमान है
छोड़ संसार जाना पड़ेगा
ज़िन्दगी प्यार का गीत है...


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16/8/18

किसी राह में, किसी मोड़ पर/मेरे हमसफ़र (1970)

Movie/Album: मेरे हमसफ़र (1970)
Music By: कल्याणजी-आनंदजी
Lyrics By: आनंद बक्षी
Performed By: लता मंगेशकर, मुकेश


किसी राह में, किसी मोड़ पर
कहीं चल न देना तू छोड़ कर
मेरे हमसफ़र, मेरे हमसफ़र
किसी हाल में, किसी बात पर
कहीं चल न देना तू छोड़ कर
मेरे हमसफ़र, मेरे हमसफ़र

मेरा दिल कहे कहीं ये न हो
नहीं ये न हो
किसी रोज़ तुझसे बिछड़ के मैं
तुझे ढूँढती फिरूँ दर-ब-दर
मेरे हमसफ़र...

तेरा रंग साया बहार का
तेरा रूप आईना प्यार का
तुझे आ नज़र में छुपा लूँ मैं
तुझे लग न जाए कहीं नज़र
मेरे हमसफ़र...

तेरा साथ है तो है ज़िन्दगी
तेरा प्यार है तो है रोशनी
कहाँ दिन ये ढल जाए क्या पता
कहाँ रात हो जाए क्या ख़बर
मेरे हमसफ़र...


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6/8/18

ज़िन्दगी प्यार का गीत है

Movie/Album: सौतन (1983)
Music By: उषा खन्ना
Lyrics By: सावन कुमार
Performed By: किशोर कुमार, लता मंगेशकर


                     SONG

ज़िन्दगी प्यार का गीत है
इसे हर दिल को गाना पड़ेगा
ज़िन्दगी ग़म का सागर भी है
हँस के उस पार जाना पड़ेगा

ज़िन्दगी एक अहसास है
टूटे दिल की कोई आस है
ज़िन्दगी एक बनवास है
काट कर सबको जाना पड़ेगा
ज़िन्दगी प्यार का गीत है...

ज़िन्दगी बेवफा है तो क्या
अपने रूठे हैं हम से तो क्या
हाथ में हाथ ना हो तो क्या
साथ फिर भी निभाना पड़ेगा
ज़िन्दगी प्यार का गीत है...

ज़िन्दगी एक मुस्कान है
दर्द की कोई पहचान है
ज़िन्दगी एक मेहमान है
छोड़ संसार जाना पड़ेगा
ज़िन्दगी प्यार का गीत है...



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15/10/17

नज़रों से कह दो प्यार में मिलने का मौसम आ गया


फिल्म: दूसरा आदमी / Doosra Aadmi (1977)
गायक/गायिका: लता मंगेशकर, किशोर कुमार
संगीतकार: राजेश रोशन
गीतकार: मजरूह सुलतान पुरी

                   Song

नज़रों से कह दो प्यार में मिलने का मौसम आ गया
बाहों में बाहें डाल के खिलने का मौसम आ गया

इस प्यार से तेरा हाथ लगा लहरा गए गेसू मेरे
कुछ भी नज़र आता नहीं मस्ती में मुझे तेरे परे
कंधे पे मेरे ज़ुल्फ़ के ढलने का मौसम आ गया,
नज़रों से कह दो प्यार में मिलने का मौसम आ गया
बाहों में बाहें डाल के खिलने का मौसम आ गया

तुम मिल भी गए फिर भी दिल को क्या जाने कैसी आस है
तुम पास हो फिर भी होंठों में जाने कैसी प्यास है
होंठों की ठंडी आग में जलने का मौसम आ गया,
नज़रों से कह दो प्यार में मिलने का मौसम आ गया
बाहों में बाहें डाल के खिलने का मौसम आ गया

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22/9/17

रहें ना रहें हम, महका करेंगे

गाना / Title: रहें ना रहें हम, महका करेंगे - rahe.n naa rahe.n ham, mahakaa kare.nge
चित्रपट / Film: Mamta
संगीतकार / Music Director: Roshan
गीतकार / Lyricist: मजरूह सुलतान पुरी-(Majrooh)
गायक / Singer(s): लता मंगेशकर-(Lata Mangeshkar),  मोहम्मद रफ़ी-(Mohammad Rafi),  Suman Kalyanpur

                       Song
                             
रहें ना रहें हम, महका करेंगे बन के कली, बन के सबा, बाग़े वफ़ा में ... मौसम कोई हो इस चमन में रंग बनके रहेंगे इन फ़िज़ा में चाहत की खुशबू, यूँ ही ज़ुल्फ़ों
से उड़ेगी, खिज़ायों या बहारें
यूँही झूमते, युहीँ झूमते और खिलते रहेंगे, बन के कली बन के सबा बाग़ें वफ़ा में रहें ना रहें हम ... खोये हम ऐसे क्या है मिलना
क्या बिछड़ना नहीं है, याद हमको गुंचे में दिल के जब से आये सिर्फ़ दिल की ज़मीं है, याद हमको इसी सरज़मीं, इसी सरज़मीं पे हम तो रहेंगे, बन के कली बन के सबा बाग़े वफ़ा में रहें ना रहें हम ... जब हम न होंगे तब हमारी खाक पे तुम रुकोगे चलते चलते अश्कों से भीगी चांदनी में इक सदा सी सुनोगे चलते चलते वहीं पे कहीं, वहीं पे कहीं हम तुमसे मिलेंगे, बन के कली बन के सबा बाग़े वफ़ा में ... रहें ना रहें हम, महका करेंगे ... Duet Version सुमन: है ख़्हूबसूरत ये नज़ारे ये बहारें हमारे दम\-क़दम से रफ़ी: ज़िंदा हुई है फिर जहाँ में आज इश्क़\-ओ\-वफ़ा की रस्म हम से
दोनों: यूँही इस चमन,
यूँही इस चमन की ज़ीनत रहेंगे,
बन के कली बन के सबा
बाग़\-ए\-वफ़ा में रहें ना रहें हम ..


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.-


31/7/17

रुक जा रात ठहर जा रे चन्दा-दिल एक मन्दिर


Movie/Album: दिल एक मन्दिर

 (1963)
Music By: शंकर जयकिशन
Lyrics By: शैलेन्द्र
 लता मंगेशकर



         गाना 
रुक जा रात ठहर जा रे चन्दा
बीते ना मिलन की बेला
आज चाँदनी की नगरी में
अरमानों का मेला

पहले मिलन की यादें लेकर
आयी है ये रात सुहानी
दोहराते हैं फ़िर ये सितारे
मेरी तुम्हारी प्रेम कहानी
रुक जा रात...

कल का डरना, काल की चिंता
दो तन है, मन एक हमारे
जीवन सीमा के आगे भी
आऊँगी मैं संग तुम्हारे
रुक जा रात...


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22/7/17

छोड़ दे सारी दुनिया /फ़िल्म- सरस्वतीचन्द्र,

छोड़ दे सारी दुनिया 
फ़िल्म- सरस्वतीचन्द्र, 
संगीत- कल्यानजी आनन्दजी, 
गायिका- लता मंगेशकर 


    SONG 
छोड़ दे सारी दुनिया
(छोड़ दे सारी दुनिया किसी के लिये
ये मुनासिब नहीं आदमी के लिये) (२)
प्यार से ज़रूरी कई काम है
प्यार सब कुछ नहीं ज़िन्दगी के लिये
छोड़ दे सारी दुनिया किसी के लिये

तन से तन का मिलन हो न पाया तो क्या
मन से मन का मिलन कोई कम तो नहीं (२)
ख़ुशबू आती रहे दूर से ही सही
सामने हो चमन कोई कम तो नहीं (२)
चाँद मिलता नहीं सबको संसार में (२)
है दिया ही बहुत रोशनी के लिये
छोड़ दे सारी दुनिया किसी के लिये

कितनी हसरत से तकती है कलियाँ तुम्हें
क्यूँ बहारों को फिर से बुलाते नहीं (२)
एक दुनिया उजड़ ही गई है तो क्या
दूसरा तुम जहाँ क्यूँ बसाते नहीं (२)
दिल ना चाहे भी तो साथ संसार के (२)
चलना पड़ता है सब की ख़ुशी के लिये
छोड़ दे सारी दुनिया किसी के लिये
ये मुनासिब नहीं आदमी के लिये
प्यार से ज़रूरी कई काम है
प्यार सब कुछ नहीं ज़िन्दगी के लिये
छोड़ दे सारी दुनिया किसी के लिये

------------------- पठनीय आयुर्वेदिक चिकित्सा लेख-


सौ साल पहले, मुझे तुमसे प्यार था /जब प्यार किसी से होता है,

film-जब प्यार किसी से होता है, 
संगीत- शंकर, जयकिशन, 
गायक- मोहम्मद रफ़ी, लता मंगेशकर 


            Song 


सौ साल पहले, मुझे तुमसे प्यार था
मुझे तुमसे प्यार था
आज भी है और कल भी रहेगा
सदियों से तुझ से मिलने जिया बेक़रार था
जिया बेक़रार था
आज भी है और कल भी रहेगा
सौ साल पहले मुझे तुमसे प्यार था
मुझे तुमसे प्यार था
आज भी है और कल भी रहेगा

तुम रूठा ना करो,मेरी जान मेरी जान निकल जाती है
तुम हँसती रहती हो, तो इक बिजली सी चमक जाती है

तुम रूठा ना करो,मेरी जान मेरी जान निकल जाती है
तुम हँसती रहती हो, तो इक बिजली सी चमक जाती है
मुझे जीते जी ओ दिलबर तेरा इंतज़ार था
तेरा इंतज़ार था
आज भी है और कल भी रहेगा
सदियों से तुझ से मिलने जिया बेक़रार था
जिया बेक़रार था
आज भी है और कल भी रहेगा

इस दिल के तारों में मधुर झनकार तुम ही से है
और ये हसीन जलवा ये मस्त बहार तुम ही से है

इस दिल के तारों में मधुर झनकार तुम ही से है
और ये हसीन जलवा ये मस्त बहार तुम ही से है
दिल तो ये मेरा सनम तेरा तलबगार था
तेरा तलबगार था
आज भी है और कल भी रहेगा
सौ साल पहले, मुझे तुमसे प्यार था
मुझे तुमसे प्यार था
आज भी है और कल भी रहेगा

इन प्यार की राहों में कहो तो अब ख़ुद को मिटा दूँ मै
और चाँदी से क़दमों में धड़कते दिल को बिठा दूँ मै

इन प्यार की राहों में कहो तो अब ख़ुद को मिटा दूँ मै
और चाँदी से क़दमों में धड़कते दिल को बिठा दूँ मै
मुझे मेरे जीवन भर सदा इख़्तियार था
सदा इख़्तियार था
आज भी है और कल भी रहेगा


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20/7/17

प्यार सिखा दूं, सिखला दो ना,राजिंदर कृष्ण,उपासना (1971)

फ़िल्म/एल्बम: उपासना (1971)
संगीतकार: कल्याणजी-आनंदजी
गीतकार: राजिंदर कृष्ण
गायक/गायिका: लता मंगेशकर, मो.रफ़ी

प्यार सिखा दूं, सिखला दो ना


                        SONG

प्यार सिखा दूं, सिखला दो ना
आओ तुम्हें मैं प्यार सिखा दूं, सिखला दो ना
प्रेम नगर की डगर दिखा दूं, दिखला दो ना
दिल की धड़कन क्या होती है
ये अनजाना राज़ बता दूं, बतला दो ना
आओ तुम्हें मैं प्यार…
पहले धीरे से पलकों की तिलमन ज़रा गिरा लो
कैसे, ऐसे
अब अपने रुखसारों पर ये ज़ुल्फ़ ज़रा बिखरा लो
हूं ऐसे, हां ऐसे
देखो मुझको डर लागे, देखो मुझको डर लागे
जान क्या होगा आगे
सबर करो तो समझा दूं, समझा दो ना
आओ तुम्हें मैं प्यार…
छोड़ के बेगानापन अब तुम मेरे पास आ जाओ
आ गई, लो आ गई
भूल के सारी दुनिया, इन बाहों में खो जाओ
ना ना ना ना, ना बाबा ना
प्यार नहीं होता ऐसे, प्यार नहीं होता ऐसे
होता है फिर वो कैसे
ठहरो तुमको समझा दूं, समझा दो ना
आओ तुम्हें मैं प्यार…
फूल की खुशबू, पवन की सूरत कभी आंख से देखी
नहीं तो
तन तो देखा, मन की मूरत, कभी आंख से देखी
नहीं नहीं
प्यार नहीं कोई वासना, प्यार नहीं कोई वासना
ये तो एक उपासना
समझे? नहीं समझे?
आओ तुम्हें मैं समझा दूं…