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30/7/19

न तो दर्द गया न दवा ही मिली

न तो दर्द गया न दवा ही मिली 



जा के हम अब तो हर एक सदा करते हैं जिनकी तक़दीर बिगड़ जाती है क्या करते हैं ( न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना ) -२ ( पहुँचे जहाँ भी हम तो लौट आये हार के ए दिल पुकार देखा एक ऐतबार पे ) -२ सबसे कहा तेरा दर्द मगर न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना ( मंदिर मस्जिद में जा के की है फ़रियाद भी मिलता जवाब तो क्या आई ना आवाज़ भी ) -२ माँगी दुआ मैंने लाख मगर न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना ( ऐसा ये ग़म ही नहीं कोई पहचान ले ऐसा वो कौन है जो दुख मेरा जान ले ) -२ छानी गली छाना सारा नगर न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना हाय न तो दर्द गया न दवा ही मिली मैंने ढूँढ के देखा ज़माना

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प्रोस्टेट ग्रंथि बढ्ने से मूत्र बाधा की हर्बल औषधि

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आर्थराइटिस(संधिवात)के घरेलू ,आयुर्वेदिक उपचार



17/5/16

मुझे तुमसे कुछ भी न चाहिए

मुझे तुमसे कुछ भी न चाहिए,
 MUJHE TUMSE KUCH BHI NA CHAHIYE,
 KANHAIYA ,
1959 ,
 MUKESH ,


    SONG


मुझे तुम से कुछ भी न चाहिये
मुझे मेरे हाल पे छोड़ दो
मेरा दिल अगर कोई दिल न था
मुझे मेरे हाल पे छोड़ दो
उसे मेरे सामने तोड़ दो
मैं ये भूल जाऊँगा ज़िंदगी
मुझे तुम से कुछ भी ...


कभी मुस्कुरायी थी प्यार में
जिन्हें इस जहाँ ने भुला दिया
मैं ये भूल जाऊँगा मेरा दिल
कभी खिल उठा था बहार में
मेरा नाम उन में ही जोड़ दो
यही ददर् मेरे जिगर में है
मुझे तुम से कुछ भी ...


तुम्हें अपना कहने की चाह में
कभी हो सके न किसी के हम
मुझे तुम से कुछ भी ...
मुझे मार डालेगा बस ये ग़म
मैं वो गुल हूँ जो न खिला कभी
मुझे क्यों न शाख़ से तोड़ दो

9/5/16

तुम जियो हजारों साल // Tum Jiyo Hazaaron Saal -ASHA BHOSLE- NEW DIGITAL AUDIO SERIES-Sujata-1959

तुम जियो हजारों साल
 Tum Jiyo Hazaaron Saal
 ASHA BHOSLE
Sujata
1959


        SONG
तुम जियो हज़ारों साल
साल के दिन हों पचास हज़ार

सूरज रोज़ आता रहे रोज़ गाता रहे
लेके किरणों के मेले
पलछिन कलियाँ गिन गिन तेरा हर दिन
तब तक रँगों से खेलें
रँग जब तक बाकी है बहारों में
यहाँ वहाँ शाम हो चाहे जहाँ

*किडनी फेल(गुर्दे खराब ) रोग की जानकारी और उपचार*

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8/9/15

किसी की मुस्कराहटों पे हो निसार// Kisi Ki Muskurahaton Pe Ho Nisar - Raj Kapoor - Anari - Mukesh - Manna D...


किसी की मुस्कराहटों पे हो निसार 

Kisi Ki Muskurahaton Pe Ho Nisar
गीतकार : शैलेन्द्र,
गायक : मुकेश, संगीतकार : शंकर जयकिशन
 Lyricist : Shailendra,
Singer : Mukesh,
Music Director : Shankar Jaikishan,
Movie : Anari 1959

                SONG 
किसी की मुस्कुराहटों पे हो निसार
किसीका दर्द मिल सके तो ले उधार
किसीके वास्ते हो तेरे दिल में प्यार
जीना इसी का नाम है

किसी की ...
(माना अपनी जेब से फ़कीर हैं

फिर भी यारों दिल के हम अमीर हैंमिटे जो प्यार के लिये वो ज़िन्दगी
जले बहार के लिये वो ज़िन्दगी
किसी को हो न हो हमें तो ऐतबार
जीना इसी का नाम है
(रिश्ता दिल से दिल के ऐतबार का
ज़िन्दा है हमीं से नाम प्यार का ) - (२)
के मर के भी किसी को याद आयेंगे
किसी के आँसुओं में मुस्कुरायेंगे
कहेगा फूल हर कली से बार बार
जीना इसी का नाम है