asha लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
asha लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

30/7/19

मैं जब भी अकेली होती हूँ

film:Dharmputra
1961,
Asha 

मैं जब भी अकेली होती हूँ, तुम चुपके से आ जाते हो और झाँक के मेरी आँखों में, बीते दिन याद दिलाते हो बीते दिन याद दिलाते हो मस्ताना हवा के झोँकों से हर बार वो पर्दे का हिलना पर्दे को पकड़ने की धुन में दो अजनबी हाथों का मिलना आँखों में धुआँ सा छा जाना साँसों में सितारे से खिलना बीते दिन याद दिलाते हो, बीते दिन याद दिलाते हो मुड़-मुड़ के तुम्हारा रस्ते में तकना वो मुझे जाते-जाते और मेरा ठिठक कर रुक जाना चिलमन के क़रीब आते-आते नज़रों का तरस कर रह जाना एक और झलक पाते-पाते बीते दिन याद दिलाते हो, बीते दिन याद दिलाते हो बालों को सुखाने के ख़ातिर कोठे पे वो मेरा आ जाना और तुमको मुक़ाबिल पाते ही कुछ शर्माना कुछ बलखाना हमसायों के डर से कतराना, घर वालों के डर से घबराना बीते दिन याद दिलाते हो, बीते दिन याद दिलाते हो बरसात के भीगे मौसम में, सर्दी की ठिठुरती रातों में पहरों वो यूँ ही बैठे रहना हाथों को पकड़कर हाथों में और ल.म्बी ल.म्बी घड़ियों का कट जाना बातों बातों में बीते दिन याद दिलाते हो, बीते दिन याद दिलाते हो रो-रो के तुम्हें ख़त लिखती हूँ रो-रो के तुम्हें ख़त लिखती हूँ और ख़ुद पढ़कर रो लेती हूँ हालात के तपते तूफ़ां में जज़्बात की कश्ती खेती हूँ कैसे हो? कहाँ हो? कुछ तो कहो, मैं तुम को सदाएं देती हूँ मैं जब भी अकेली होती हूँ मैं जब भी अकेली होती हूँ, तुम चुपके से आ जाते हो और झाँक के मेरी आँखों में, बीते दिन याद दिलाते हो बीते दिन याद दिलाते हो
किडनी फेल (गुर्दे खराब) की हर्बल औषधि 

प्रोस्टेट ग्रंथि बढ्ने से मूत्र बाधा की हर्बल औषधि 

सिर्फ आपरेशन नहीं ,पथरी की 100% सफल हर्बल औषधि 

आर्थराइटिस(संधिवात)के घरेलू ,आयुर्वेदिक उपचार



7/5/16

आए हैं दूर से

आए हैं दूर से ,
 Aaye Hai Door Se,
फिल्म -तुम सा नहीं देखा ,
रफी,आशा भोसले 
1957

        SONG
आशा- आए हैं दूर से, मिलने हज़ूर से ऐसे भी चुप न रहिये, कहिये जी कुछ तो कहिये दिन है के रात है रफ़ी- हाय-- लाखों ही ज़ुल्फ़ों वाले, आती हैं घेरा डाले तुमसे मेहमान क्या, मुझपे अहसान क्या मेरी क्या बात है शरमाना छोड़िये, ये क्या अदा है आशा- आये हैं दूर से-- उठ के तो देखिये, कैसी फ़िज़ा है आशा- आये हैं दूर से-- रफ़ी- तौबा ये क्या फ़रमाया मैं तो यूँ ही शरमाया रफ़ी- ओ ओ ओ-- मेरी क्या बात है तुमसे मेहमान का-- दिखती है रोज़ ही, ऐसी फ़िज़ाएं मुखड़े के सामने, काली घटाएं आशा- कोई चल जाए जादू, फिर हम पूछेंगे बाबू दिन है के रात है-- रफ़ी- ओ ओ ओ-- आशा- आ आ आ-- तुमसे मेहमान का-- आये हैं दूर से--



31/3/16

पर्दे मे रहने दो// Parde Mein Rehne Do - Asha Parekh, Dharmendra - Shikar



पर्दे में रहने दो, पर्दा न उठाओ
parde me.n rahane do, pardaa na uThaao
Film: Shikaar
शंकर - जयकिशन-
आशा भोसले
1968
         

SONG


पर्दे में रहने दो,पर्दा न उठाओ
पर्दा जो उठ गया तो भेद खुल जायेगा
अल्लाह मेरी तौबा, अल्लाह मेरी तौबा ...
मेरे पर्दे में लाख जलवे हैं
कैसे मुझसे नज़र मिलाओगे
जब ज़रा भी नक़ाब उठाऊँगी
याद रखना की, जल ही जाओगे
हुस्न जब बेनक़ाब होता है 
पर्दे में रहने दो,पर्दा न उठाओ>
वो समाँ लाजवाब होता है 
हाय जिसने मुझे बनाया है, 
खुद को खुद की खबर नहीं रहती 
होश वाला भी, होश खोता है 
पर्दे में--
पर्दे में रहने दो,पर्दा न उठाओ ... 
इन फ़रिश्तों ने, सर झुकाया है
किडनी फेल (गुर्दे खराब) की हर्बल औषधि  प्रोस्टेट ग्रंथि बढ्ने से मूत्र बाधा की हर्बल औषधि  सिर्फ आपरेशन नहीं ,पथरी की 100% सफल हर्बल औषधि  पित्त पथरी (gallstone) की अचूक औषधि

30/3/16

प्यार पर बस तो नहीं है // pyar par bas to nahi hai..talat mehmood-asha -nutan-sone ki chidiya


प्यार पर बस तो नहीं  है
गीतकार : साहिर लुधियानवी,
गायक : आशा - तलत मेहमूद,
संगीतकार : ओ. पी. नय्यर,
/Lyricist : Saahir Ludhiyanvi,
 Singer : Asha Bhosle - Talat Mehmood,
 Music Director : O. P. Nayyar,
Movie : Sone Ki Chidiya 1958
                        गाना
प्यार पर बस तो नहीं है मेरा, लेकिन फिर भी
तू बता दे के तुझे प्यार करूँ या ना करूँ

मेरे ख़्वाबों के झरोखों को सजाने वाली
तेरे ख़्वाबों में कहीं मेरा गुज़र है के नहीं
पूछ कर अपनी निगाहों से बता दे मुझको 
मेरी रातों के मुक़द्दर में सहर है के नहीं
प्यार पर बस तो नहीं है ...

कहीं ऐसा न हो पाओं मेरे थर्रा जाएं
और तेरी मरमरी बाहों का सहारा न मिले
अश्क बहते रहे खमोश सियाह रातों में
और तेरे रेशमी आंचल का किनारा न मिले
प्यार पर बस तो नहीं है ...

लीवर के रोगों के उपचार

धतूरा के औषधीय उपयोग

पुदीने के फायदे // Benefits of Mint

मलेरिया रोग के आयुर्वेदिक घरेलू उपचार

खून की कमी (रक्ताल्पता) की घरेलू चिकित्सा

6/9/15

तोरा मन दर्पण कहलाए// Kaajal - Tora Mann Darpan Kehlaye - Asha Bhonsle

तोरा मन दर्पण कहलाए
tora man darpan kahlaye
asha,
kajal
1965

         SONG 
तोरा मन दर्पण कहलाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
भले, बुरे, सारे कर्मों को
देखे और दिखाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
मन ही देवता,
मन ही ईश्वर
मन से बड़ा ना कोई – 2
मन उजियारा जब जब फैले
जग उजियारा होए
इस उजले दर्पन पर प्राणी – 2
धूल ना ज़मने पाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
भले, बुरे, सारे कर्मों को
देखे और दिखाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
सुख की कलियाँ,
दुःख के काँटे
मन सब का आधार – 2
मन से कोई बात छूपे ना
मन के नैन हजार
जग से चाहे भाग ले कोई, – 2
मन से भाग ना पाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
भले, बुरे, सारे कर्मों को
देखे और दिखाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
तन की दौलत
ढ़लती छाया
मन का धन अनमोल – 2
तन के कारन
मन के धन को
मत माटी में रोल
मन की कदर भूलानेवाला – 2
हीरा जनम गँवाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
भले, बुरे, सारे कर्मों को
देखे और दिखाए
तोरा मन दर्पण कहलाए
तोरा मन दर्पण कहलाए

*किडनी फेल(गुर्दे खराब ) रोग की जानकारी और उपचार*

गठिया ,घुटनों का दर्द,कमर दर्द ,सायटिका के अचूक उपचार

गुर्दे की पथरी कितनी भी बड़ी हो ,अचूक हर्बल औषधि

पित्त पथरी (gallstone) की अचूक औषधि